धर्मवीर हम कर्मवीर हम भारत की सन्तान
हमको है गौरव स्वदेश का हमे देश अभिमान ॥धृ॥
धर्म हमारा मानवता है प्रेम और सद्भाव
सत्य अहिन्सा के हम साधक गान्धी बुद्ध महान ॥१॥
कर्म हमारा मन्गलकारी जन मन का हितकारी
ध्येय हमारा प्रगति देश की मानव का उत्थान ॥२॥
dharmavīra hama karmavīra hama bhārata kī santāna
hamako hai gaurava svadeśa kā hame deśa abhimāna ||dhṛ||
dharma hamārā mānavatā hai prema aura sadbhāva
satya ahinsā ke hama sādhaka gāndhī buddha mahāna ||1||
karma hamārā mangalakārī jana mana kā hitakārī
dhyeya hamārā pragati deśa kī mānava kā utthāna ||2||

, , , , , , , , , , , ,

मैं एक पत्नी होने के साथ साथ गृहिणी एवं माँ भी हुँ । लिखने का हुनर... ब्लॉग लिखती रहती हु... सनातन ग्रुप एक सकारात्मक ऊर्जा, आत्मनिर्भर बनाने की प्रेरणा देती जीवनी, राष्ट्रभक्ति गीत एवं कविताओं की माला पिरोया है । आग्रह :आपको पसन्द आये तो ऊर्जा देने के लिए शेयर एवं अपने सुझाव दीजिए ।

शालू सिंह

🙏 सकारात्मक जानकारी को फेसबुक पर पाने के लिए लाइक करें 👇

Leave a Reply