सत्यम शिवम सुंदरम गौरीवरम दुःखहरम् शिवही शुभमकरम अभ्यंतरम
सदाशिव सदा हम सरणहे तुम्हारी बिनती चित धरो कृपा हम पे करो

शम्भू कल्याणकारी सदाशिव सदा हम सरणहे तुम्हारी
चंदा सोहे जटाओमे जोजनदार गटाओमे चंद्रेश्वर नमस्ते चंद्रेश्वर नमस्ते

माथे अर्ध्चन्द्र बिराजे शोभा देख मन मथराजे खुली पलके आधी पूर्ण ध्यान समाधी
ऐसी साधना है न्यारी सदाशिव सदा हम सरणहे तुम्हारी

सर्प गले का हार किये गश्मासिदूप सिंगार किये नागेश्वर नमस्ते शोमेश्वर नमस्ते
जय शोमेश्वर जय नागेश्वर जय महाकाल ओमकारेश्वर ज्योतिरलिंग तुम्हारी देती है उजयारी

संग हिमाचल कुमारी सदाशिव सदा हम सरणहे तुम्हारी
हम ने तो केवल स्मरण किया माँगे बिना तुमने सब कुछ दिया नागेश्वर नमस्ते ज्ञानेश्वर नमस्ते

हम जो कलश भर जल देते तुम तो मोक्ष का फल देते भक्तो के लिए भोले दुष्टो के लिए भारी मधुवन भोले भंडारी सदाशिव सदा हम सरणहे तुम्हारी
ऐसीहो अनुपम तेजमई मनहो तुमसा कालजई कालेश्वर नमस्ते मालेश्वर नमस्ते

भगवन भवानी संग आओ आके ह्रदय में बस जाओ शिव में सब को देखे सब में शिव को देखे
ऐसी मति हो हमारी सदाशिव सदा हम सरणहे तुम्हारी

मैं एक पत्नी होने के साथ साथ गृहिणी एवं माँ भी हुँ । लिखने का हुनर... ब्लॉग लिखती रहती हु... सनातन ग्रुप एक सकारात्मक ऊर्जा, आत्मनिर्भर बनाने की प्रेरणा देती जीवनी, राष्ट्रभक्ति गीत एवं कविताओं की माला पिरोया है । आग्रह :आपको पसन्द आये तो ऊर्जा देने के लिए शेयर एवं अपने सुझाव दीजिए ।

शालू सिंह

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