सौराष्ट्रदेशे विशादे-तिरामये
ज्योतिर्मयं चंद्र कलावासंतम।
भक्तिप्रदानाय कृपावतीर्नम
तम सोमनाथं शरणं प्रपद्ये 1॥

श्रीशैलश्रंगे विबुधातिसगे
तुलाद्रितुसंगे-पी मुदा वसंतम।
तमार्जुनम मल्लिकापूर्वमेकाम
नमामि संसार समुद्रसेतुम 2॥

अवंतिकायम विहितावतारम्:
मुक्तिप्रदानाय चा सज्जननाम।
अकालमृत्योह परिक्षणार्थम
वंदे महाकालमहासुरेशम् 3॥

कावेरीकानरमदयोह पवित्रे
समागमे सज्जनतारणाय।
सदाव मान्धात्रिपुरे वसंतम्:
ओंकारमीशम शिवमेकमीदे 4॥

souraashtradeshe vishade-tiramye
jyotirmayam chandra kalaavasantam ।
bhaktipradaanaaya kripaavateernam
tam somanaatham sharanam prapadye ॥1॥

shreeshailashrunge vibudhaatisage
tulaadritusange-pi muda vasantam ।
tamarjunam mallikapoorvamekam
namaami sansaara samudrasetum ॥2॥

avantikaayaam vihitaavataaram
muktipradaanaaya cha sajjanaanaam ।
akaalamrityoh parirakshanaartham
vande mahaakaalmahaasuresham ॥3॥

kaaverikaanarmadayoh pavitre
samaagame sajjanataaranaaya ।
sadaiva maandhaatripure vasantam
omkaarameesham shivamekameede ॥4॥

मैं एक पत्नी होने के साथ साथ गृहिणी एवं माँ भी हुँ । लिखने का हुनर... ब्लॉग लिखती रहती हु... सनातन ग्रुप एक सकारात्मक ऊर्जा, आत्मनिर्भर बनाने की प्रेरणा देती जीवनी, राष्ट्रभक्ति गीत एवं कविताओं की माला पिरोया है । आग्रह :आपको पसन्द आये तो ऊर्जा देने के लिए शेयर एवं अपने सुझाव दीजिए ।

शालू सिंह

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