श्री ललिता अष्टोत्तर शतनामावली || Sri Lalita Ashtottara Shatanamavali

ॐ शिवप्रियायै नमः
ॐ शिवाराध्यायै नमः
ॐ शिवेष्टायै नमः
ॐ शिवकोमलायै नमः
ॐ शिवोत्सवायै नमः

ॐ शिवरसायै नमः
ॐ शिवदिव्यशिखामणये नमः
ॐ शिवपूर्णायै नमः
ॐ शिवघनायै नमः
ॐ शिवस्थायै नमः
ॐ शिववल्लभायै नमः

ॐ शिवाभिन्नायै नमः
ॐ शिवार्धांग्यै नमः
ॐ शिवाधीनायै नमः
ॐ शिवंकर्यै नमः

ॐ शिवनामजपासक्तायै नमः
ॐ शिवसान्निध्यकारिण्यै नमः
ॐ शिवशक्त्यै नमः
ॐ शिवाध्यक्षायै नमः
ॐ शिवकामेश्वर्यै नमः

ॐ शिवायै नम:
ॐ शिवयोगीश्वरीदेव्यै नमः
ॐ शिवाज्ञावशवर्तिन्यै नमः
ॐ शिवविद्यातिनिपुणायै नमः
ॐ शिवपञ्चाक्षरप्रियायै नमः
ॐ शिवसौभाग्यसंपन्नायै नमः

ॐ शिवकैङ्कर्यकारिण्यै नमः
ॐ शिवाङ्कस्थायै नमः
ॐ शिवासक्तायै नमः
ॐ शिवकैवल्यदायिन्यै नमः

ॐ शिवक्रीडायै नमः
ॐ शिवनिधये नमः
ॐ शिवाश्रयसमन्वितायै नमः

ॐ शिवलीलायै नमः
ॐ शिवकलायै नमः
ॐ शिवकान्तायै नमः
ॐ शिवप्रदायै नमः
ॐ शिवश्रीललितादेव्यै नमः

ॐ शिवस्य नयनामृतायै नमः
ॐ शिवचिन्तामणिपदायै नमः

ॐ शिवस्य हृदयोज्ज्वलायै नमः
ॐ शिवोत्तमायै नमः
ॐ शिवाकारायै नमः
ॐ शिवकामप्रपूरिण्यै नमः
ॐ शिवलिंगार्चनपरायै नमः
ॐ शिवालिंगनकौतुक्यै नमः

ॐ शिवालोकनसंतुष्टायै नमः
ॐ शिवलोकनिवासिन्यै नमः
ॐ शिवकैलासनगरस्वामिन्यै नमः
ॐ शिवरंजिन्यै नमः
ॐ शिवस्याहोपुरुषिकायै नमः
ॐ शिवसंकल्पपूरकायै नमः

ॐ शिवसौन्दर्यसर्वांग्यै नमः
ॐ शिवसौभाग्यदायिन्यै नमः
ॐ शिवशब्दैकनिरतायै नमः
ॐ शिवध्यानपरायणायै नमः
ॐ शिवभक्तैकसुलभायै नमः
ॐ शिवभक्तजनप्रियायै नमः

ॐ शिवानुग्रहसंपूर्णायै नमः
ॐ शिवानन्दरसार्णवायै नमः
ॐ शिवप्रकाशसंतुष्टायै नमः
ॐ शिवशैलकुमारिकायै नमः
ॐ शिवास्यपङ्कजार्काभायै नमः

ॐ शिवान्तपुरःवासिन्यै नमः
ॐ शिवजीवातुकलिकायै नमः
ॐ शिवपुण्यपरंपरायै नमः
ॐ शिवाक्षमालासंतृप्तायै नमः
ॐ शिवनित्यमनोहरायै नमः
ॐ शिवभक्तशिवज्ञानप्रदायै नमः
ॐ शिवविलासिन्यै नमः
ॐ शिवसम्मोहनकर्यै नमः

ॐ शिवसाम्राज्यशालिन्यै नमः
ॐ शिवसाक्षात्ब्रह्मविद्यायै नमः
ॐ शिवताण्डवसाक्षिण्यै नमः
ॐ शिवागमार्थतत्त्वज्ञायै नमः
ॐ शिवमान्यायै नमः
ॐ शिवात्मिकायै नमः
ॐ शिवकार्यैकचतुरायै नमः

ॐ शिवशास्त्रप्रवर्तकायै नमः
ॐ शिवप्रसादजनन्यै नमः
ॐ शिवस्यहितकारिण्यै नमः
ॐ शिवोज्ज्वलायै नम:
ॐ शिवज्योतिषे नमः
ॐ शिवभोगसुखंकर्यै नमः

ॐ शिवस्यनित्यतरुण्यै नमः
ॐ शिवकल्पकवल्लर्यै नमः
ॐ शिवबिल्वार्चनकर्यै नमः
ॐ शिवभक्तार्तिभंजिन्यै नमः

ॐ शिवाक्षिकुमुदज्योत्स्नायै नमः
ॐ शिवश्रीकरुणाकरायै नमः
ॐ शिवानन्दसुधापूर्णायै नमः
ॐ शिवभाग्याब्धिचन्द्रिकायै नमः

ॐ शिवशक्त्यैक्यललितायै नमः
ॐ शिवक्रीडारसोज्ज्वलायै नमः

ॐ शिवप्रेममहारत्नकाठिन्यकलशस्तन्यै नमः
ॐ शिवलालितलाक्षार्द्रचरणांबुजकोमलायै नमः
ॐ शिवचित्तैकहरणव्यालोलघनवेणिकायै नमः

ॐ शिवाभीष्टप्रदानश्रीकल्पवल्लीकरांबुजायै नमः
ॐ शिवेतरमहातापनिर्मूलामृतवर्षिण्यै नमः
ॐ शिवयोगीन्द्रदुर्वासमहिम्नस्तुतितोषितायै नमः
ॐ शिवसंपूर्णविमलज्ञानदुग्धाब्धिशायिन्यै नमः
ॐ शिवभक्ताग्रगण्येशविष्णुब्रह्मेन्द्रवन्दितायै नमः

ॐ शिवमायासमाक्रान्तमहिषासुरमर्द्दिन्यै नमः
ॐ शिवदत्तबलोन्मत्तशुंभाद्यसुरनाशिन्यै नमः
ॐ शिवद्विजार्भकस्तन्यज्ञानक्षीरप्रदायिन्यै नमः
ॐ शिवातिप्रियभक्तादिनन्दिभृंगिरिटिस्तुतायै नमः

ॐ शिवानलसमुद्भूतभस्मोद्धूलितविग्रहायै नमः
ॐ शिवज्ञानाब्धिपारज्ञमहात्रिपुरसुन्दर्यै नमः ॥१०८॥

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मैं एक पत्नी होने के साथ साथ गृहिणी एवं माँ भी हुँ । लिखने का हुनर... ब्लॉग लिखती रहती हु... सनातन ग्रुप एक सकारात्मक ऊर्जा, आत्मनिर्भर बनाने की प्रेरणा देती जीवनी, राष्ट्रभक्ति गीत एवं कविताओं की माला पिरोया है । आग्रह :आपको पसन्द आये तो ऊर्जा देने के लिए शेयर एवं अपने सुझाव दीजिए ।

शालू सिंह

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One thought on “श्री ललिता अष्टोत्तर शतनामावली || Lalita Ashtottara Shatanamavali”
  1. सादर वंदन. कृपया मेरी भ्रान्ति दूर करने का अनुग्रह करें: अधिकांश स्रोतों (यथा https://bhaktikishakti.com/lalitha-ashtottara-shatanamavali/#more-549 और https://chanderprabha.com/2019/06/27/shri-lalita-ashtottar-shatanamavali/) पर नामावली “ॐ रजताचल श्रृङ्गाग्र मध्यस्थायै नमः…” से आरम्भ हो कर “ॐ महादेव रत्यौत्सुक्य महदेव्यै नमः ” पर सम्पन्न होती है. कृपया अपने स्रोत का सन्दर्भ और विवेचन करने की कृपा करें.

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